RBSE राजस्थान बोर्ड 12वीं परिणाम 2024 Live Updates: कला, विज्ञान और वाणिज्य संकाय के लिए BSER क्लास 12 रिजल्ट घोषित

RBSE राजस्थान बोर्ड 12वीं परिणाम 2024 Live Updates: कला, विज्ञान और वाणिज्य संकाय के लिए BSER क्लास 12 रिजल्ट घोषित
Anuj Kumar 21 मई 2024 19

RBSE राजस्थान बोर्ड 12वीं परिणाम 2024 घोषित

राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (RBSE) ने शनिवार, 20 मई 2024 को शैक्षणिक वर्ष 2023-24 के लिए कक्षा 12 के परिणाम घोषित कर दिए हैं। कला, विज्ञान और वाणिज्य संकाय के परिणाम एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में जारी किए गए। छात्र अपने रोल नंबर या पंजीकरण संख्या का उपयोग करके आधिकारिक वेबसाइट rajeduboard.rajasthan.gov.in पर अपने परिणाम देख सकते हैं।

परिणाम मंडल आयुक्त और बोर्ड प्रशासक श्री महेश चंद्र शर्मा द्वारा एक निर्धारित प्रेस कॉन्फ्रेंस में जारी किए गए। उत्तीर्ण प्रतिशत और अंकों का वितरण जल्द ही घोषित किया जाएगा। माध्यमिक परीक्षा में उत्तीर्ण होने के लिए, छात्रों को प्रत्येक विषय और कुल मिलाकर कम से कम 33% अंक या ग्रेड डी प्राप्त करना होगा।

लड़कियों का प्रदर्शन लड़कों से बेहतर

पिछले वर्ष के परिणामों में एक महत्वपूर्ण लैंगिक अंतर देखा गया था, जहां लड़कियों ने वाणिज्य और विज्ञान संकाय में लड़कों से बेहतर प्रदर्शन किया था। इस वर्ष भी लड़कियों के प्रदर्शन में सुधार की उम्मीद है।

शिक्षा विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, "हम लड़कियों के बेहतर प्रदर्शन से प्रसन्न हैं और उम्मीद करते हैं कि वे इस वर्ष भी अच्छा प्रदर्शन करेंगी। हमारा लक्ष्य लैंगिक अंतर को कम करना और सभी छात्रों को समान अवसर प्रदान करना है।"

परिणाम की तैयारी

RBSE ने परिणाम तैयार करने के लिए व्यापक प्रक्रिया का पालन किया है। बोर्ड ने परीक्षा आयोजित करने, उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन करने और परिणाम संकलित करने के लिए शिक्षकों और अधिकारियों की एक टीम का गठन किया था।

बोर्ड के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, "हमने परिणामों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए हर संभव प्रयास किया है। हमने उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित की है।"

छात्रों और अभिभावकों की प्रतिक्रिया

परिणाम की घोषणा छात्रों और अभिभावकों के लिए एक बड़ी राहत है। कई छात्र अपने भविष्य को लेकर चिंतित थे और परिणामों का बेसब्री से इंतजार कर रहे थे।

एक छात्र ने कहा, "मैं अपने परिणामों से बहुत खुश हूं। मेरी मेहनत रंग लाई है। मैं अब आगे की पढ़ाई के लिए तैयार हूं और एक अच्छा करियर बनाने की उम्मीद करता हूं।"

एक अभिभावक ने कहा, "मेरी बेटी ने बहुत अच्छा प्रदर्शन किया है। मैं उसकी सफलता से बहुत खुश हूं। मैं RBSE को परिणाम समय पर घोषित करने के लिए धन्यवाद देता हूं।"

भविष्य की योजनाएं

RBSE भविष्य में परीक्षा प्रणाली में सुधार करने और छात्रों को बेहतर शिक्षा प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है। बोर्ड नई तकनीकों को अपनाने और छात्रों के लिए अधिक अवसर प्रदान करने पर विचार कर रहा है।

RBSE के अध्यक्ष ने कहा, "हम शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार के लिए निरंतर प्रयास कर रहे हैं। हम छात्रों को आवश्यक कौशल और ज्ञान प्रदान करना चाहते हैं ताकि वे भविष्य में सफल हो सकें।"

बोर्ड ने छात्रों और अभिभावकों से भी सुझाव और प्रतिक्रिया मांगी है ताकि वे शिक्षा प्रणाली को बेहतर बना सकें।

निष्कर्ष

RBSE राजस्थान बोर्ड 12वीं परिणाम 2024 की घोषणा छात्रों और अभिभावकों के लिए एक महत्वपूर्ण क्षण है। बोर्ड ने परीक्षा आयोजित करने और परिणाम तैयार करने में अथक प्रयास किया है। लड़कियों का प्रदर्शन विशेष रूप से उल्लेखनीय रहा है और लैंगिक अंतर को कम करने की दिशा में एक सकारात्मक कदम है।

हम उन सभी छात्रों को बधाई देते हैं जिन्होंने परीक्षा में अच्छा प्रदर्शन किया है और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हैं। हम RBSE के प्रयासों की भी सराहना करते हैं और आशा करते हैं कि वे भविष्य में भी शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार करने के लिए कड़ी मेहनत करते रहेंगे।

19 टिप्पणि

  • Image placeholder

    Prakash chandra Damor

    मई 21, 2024 AT 10:50
    परिणाम आ गए अब तो बस अगला स्टेप फैल हो गया अब क्या करें ये सोच रहे हैं सब
    कुछ लोगों को तो बस इंजीनियरिंग चाहिए बाकी सबको डॉक्टर बनना है
  • Image placeholder

    Rohit verma

    मई 21, 2024 AT 18:16
    वाह बहुत बढ़िया खबर है! 😊 लड़कियों ने जो प्रदर्शन किया है वो तो बहुत प्रेरणादायक है
    हर लड़की जिसने अच्छा किया वो अपने घर का गौरव है
    आगे भी ऐसा ही चलता रहे ये ट्रेंड!
  • Image placeholder

    Arya Murthi

    मई 21, 2024 AT 19:52
    अरे भाई ये तो बड़ी बात है! लड़कियों का ये रिकॉर्ड तो बस देखकर दिल भर जाता है
    कला, विज्ञान, वाणिज्य सब में वो आगे हैं
    मैंने अपनी बहन को देखा है, रात भर पढ़ती रहती है, और अब ये रिजल्ट आया... बस आंखें भर आईं!
  • Image placeholder

    Manu Metan Lian

    मई 23, 2024 AT 02:35
    इस तरह के परिणामों को देखकर लगता है कि शिक्षा प्रणाली में कुछ गहरा बदलाव आया है।
    लेकिन यह भी ध्यान देने योग्य है कि यह सिर्फ एक आंकड़ा है, जिसका वास्तविक अर्थ तभी समझा जा सकता है जब हम शिक्षण गुणवत्ता, अध्यापक-छात्र अनुपात और अधिगम वातावरण का विश्लेषण करें।
    सामाजिक लक्षणों के बिना आंकड़े अर्थहीन हैं।
  • Image placeholder

    Debakanta Singha

    मई 23, 2024 AT 05:11
    लड़कियों का बेहतर प्रदर्शन अच्छी बात है, लेकिन इसका मतलब ये नहीं कि लड़कों को छोड़ दें
    हमें दोनों के लिए समान अवसर चाहिए, न कि एक को दूसरे से ऊपर रखना
    अगर लड़कियां बेहतर हैं तो उनकी मेहनत की तारीफ करें, लेकिन लड़कों को भी सपोर्ट करें
  • Image placeholder

    swetha priyadarshni

    मई 24, 2024 AT 01:08
    मुझे लगता है कि लड़कियों का बेहतर प्रदर्शन सिर्फ उनकी मेहनत का नतीजा नहीं है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि शिक्षा में लैंगिक समानता के लिए लंबे समय से चल रही नीतियां अब फल रही हैं
    राजस्थान में लड़कियों के लिए स्कूलों में सुरक्षा, परिवार का समर्थन, और शिक्षकों की भावनात्मक उपलब्धता ने बहुत कुछ बदल दिया है
    कई गांवों में अब माताओं के पास बेटियों के लिए अपने बेटों से ज्यादा उम्मीदें हैं, यही तो बदलाव का मूल है
    और ये बदलाव सिर्फ राजस्थान तक सीमित नहीं है, बल्कि उत्तर प्रदेश, बिहार और मध्य प्रदेश में भी इसी तरह की ट्रेंड देखी जा रही है
    मैंने अपने एक दोस्त के घर में एक लड़की को देखा जो बार-बार बोर्ड की परीक्षा में फेल हो गई थी, लेकिन उसकी मां ने उसे छोड़ा नहीं, और आज वो एमबीए की तैयारी कर रही है
    इस तरह की कहानियां ज्यादा सुननी चाहिए, न कि सिर्फ आंकड़े
    हमें इसे एक सामाजिक जीत के रूप में देखना चाहिए, न कि बस एक रिजल्ट के रूप में
    ये बदलाव जनता के विचारों में आया है, और इसके लिए हमें शिक्षकों, माता-पिता और स्थानीय समुदायों को धन्यवाद देना चाहिए
    अगर ये ट्रेंड जारी रहा तो अगले 10 साल में हमारे देश के नेतृत्व में लड़कियां ही होंगी
    और ये तो बहुत अच्छी बात है
  • Image placeholder

    tejas cj

    मई 24, 2024 AT 20:59
    अरे ये सब बकवास है लड़कियों का प्रदर्शन बेहतर है? ये तो बस ये है कि लड़के फोन पर गेम खेल रहे हैं और लड़कियां पढ़ रही हैं
    कोई असली बदलाव नहीं हुआ है, बस लड़के लापरवाह हो गए
  • Image placeholder

    Chandrasekhar Babu

    मई 25, 2024 AT 23:14
    अत्यंत आशावादी रिजल्ट! 📈
    लड़कियों के प्रदर्शन में उल्लेखनीय वृद्धि शिक्षा के अंतर्गत गुणात्मक अधिगम के एक नए युग की ओर संकेत देती है
    सामाजिक संरचनाओं के अधीन लैंगिक समानता का आर्थिक और शैक्षिक निर्माण अब एक वास्तविक दृश्यता बन गया है
  • Image placeholder

    Pooja Mishra

    मई 27, 2024 AT 20:45
    लड़कों को बस इतना बताओ कि अगर वो अपने फोन को छोड़ दें तो वो भी इतना ही अच्छा कर सकते हैं
    ये बस एक आलस्य का बहाना है, न कि लड़कियों का जादू
    मैं तो अपने बेटे को भी बहुत ज्यादा पढ़ाती हूं, लेकिन वो तो बस गेम खेलता है
  • Image placeholder

    Khaleel Ahmad

    मई 29, 2024 AT 10:42
    अच्छा हुआ कि लड़कियां बेहतर हैं
    मैं चाहता हूं कि लड़के भी अपनी जिम्मेदारी लें
  • Image placeholder

    Liny Chandran Koonakkanpully

    मई 30, 2024 AT 08:19
    ये सब बकवास है, बोर्ड ने लड़कियों को आसान प्रश्न पूछे हैं, वरना लड़के तो हमेशा ऊपर रहते हैं
    अगर आप लड़कियों के रिजल्ट की तुलना राजस्थान के ग्रामीण इलाकों में होने वाले प्रश्नों से करेंगे तो पता चलेगा कि ये सब झूठ है
    ये सब राजनीति है, बस इतना ही
  • Image placeholder

    Anupam Sharma

    मई 31, 2024 AT 02:05
    अगर लड़कियां बेहतर हैं तो शायद ये इसलिए है क्योंकि वो अपने दिमाग का इस्तेमाल कर रही हैं, जबकि लड़के अभी भी अपने फोन के नोटिफिकेशन के लिए लाइव रहते हैं
    पढ़ाई एक जिंदगी का रास्ता है, न कि एक रेस जहां किसी को जीतना है
    लेकिन अगर तुम्हें लगता है कि लड़कियों का ये जीत अन्याय है, तो शायद तुम्हें खुद को बदलने की जरूरत है
  • Image placeholder

    Payal Singh

    मई 31, 2024 AT 19:47
    बहुत खुशी हुई! 🌸
    हर लड़की जिसने इस रिजल्ट में अच्छा किया, वो अपने घर का नहीं, बल्कि पूरे समाज का गौरव है
    मैं जिन शिक्षकों को जानती हूं जो रात भर लड़कियों को पढ़ाते हैं, वो असली हीरो हैं
    हमें इन लड़कियों को न सिर्फ बधाई देनी चाहिए, बल्कि उनके लिए अधिक सुरक्षित और समर्थक वातावरण भी बनाना चाहिए
    अगर हम यही रास्ता जारी रखेंगे, तो अगली पीढ़ी में हमारे देश के सबसे बड़े नेता लड़कियां होंगी
  • Image placeholder

    avinash jedia

    मई 31, 2024 AT 22:13
    लड़कियां बेहतर हैं? ठीक है, लेकिन अगर लड़कों को बोर्ड की परीक्षा नहीं देनी पड़ती तो वो भी बेहतर हो जाते
  • Image placeholder

    Shruti Singh

    जून 2, 2024 AT 01:35
    लड़कियों ने जो किया है वो बहुत अच्छा है! अब लड़कों को भी जागना होगा!
    हमें इन लड़कियों को देखकर प्रेरित होना चाहिए, न कि ईर्ष्या करना!
  • Image placeholder

    Kunal Sharma

    जून 3, 2024 AT 17:44
    लड़कियों का बेहतर प्रदर्शन एक नए युग की शुरुआत है, लेकिन इसके पीछे का दर्द कोई नहीं देखता
    लड़कियां जिन घरों में रहती हैं, जहां उन्हें रात 11 बजे तक पढ़ने की अनुमति नहीं है, जहां उनके बारे में कहा जाता है कि लड़की को बस शादी करनी है
    उन्होंने इस सबके बीच भी अपने आप को बरकरार रखा है
    ये जीत सिर्फ उनकी नहीं, उनकी मां की है, जिसने उन्हें लेकर गांव के लोगों के बहानों का सामना किया है
    ये जीत उन शिक्षकों की है जिन्होंने उन्हें बताया कि तुम कुछ भी बन सकती हो
    ये जीत उन लड़कियों की है जिन्होंने अपने भाई के फोन को छिपा दिया ताकि वो पढ़ सके
    ये जीत उन लड़कियों की है जिन्हें बोर्ड के रिजल्ट के बाद अपने घर में बिना बात किए एक चाय की चुस्की दी गई
    और अगर आप इसे बस एक आंकड़ा समझते हैं, तो आपने कुछ भी नहीं समझा
  • Image placeholder

    Raksha Kalwar

    जून 4, 2024 AT 13:35
    बहुत बढ़िया! लड़कियों ने अपनी मेहनत का फल दिखाया। यह सिर्फ एक परिणाम नहीं, बल्कि एक सामाजिक विजय है।
  • Image placeholder

    himanshu shaw

    जून 6, 2024 AT 00:40
    ये सब झूठ है। बोर्ड ने रिजल्ट मैनिपुलेट किया है।
    लड़कियों को आसान प्रश्न पूछे गए हैं।
    लड़कों के लिए नियम बदल दिए गए हैं।
    ये सब राजनीति है।
    कोई भी विश्वास नहीं करे।
  • Image placeholder

    Rashmi Primlani

    जून 7, 2024 AT 02:37
    इस रिजल्ट का असली महत्व यह है कि यह शिक्षा में लैंगिक समानता की ओर एक अनिवार्य दिशा दर्शाता है।
    लड़कियों का बेहतर प्रदर्शन उनकी व्यक्तिगत योग्यता का परिणाम नहीं, बल्कि एक समाज की विकासशील चेतना का प्रतिबिंब है।
    हमें इसे एक विशिष्ट घटना के रूप में नहीं, बल्कि एक लंबे समय तक चलने वाले सामाजिक बदलाव के एक अंग के रूप में देखना चाहिए।
    इसके लिए हमें अधिक शिक्षाविदों, माता-पिता और नीति निर्माताओं की भागीदारी की आवश्यकता है।
    हमें लड़कियों के लिए अतिरिक्त संसाधनों की आवश्यकता नहीं, बल्कि उनके लिए समान अवसरों की आवश्यकता है।
    यह रिजल्ट हमें याद दिलाता है कि शिक्षा का उद्देश्य केवल अंक नहीं, बल्कि व्यक्तित्व का विकास है।
    हमें इसे एक जीत के रूप में नहीं, बल्कि एक नए साझा भविष्य की शुरुआत के रूप में देखना चाहिए।

एक टिप्पणी लिखें